Gold Rate Down Today – भारतीय बाजार में सोने के दाम आज एक बार फिर गिरावट के साथ कारोबार कर रहे हैं। पिछले कुछ दिनों से लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है, लेकिन आज की गिरावट खासतौर पर निवेशकों और ज्वैलरी खरीदारों के लिए राहत की खबर लेकर आई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कमजोरी और डॉलर में मजबूती के चलते सोने की कीमतों में यह गिरावट देखी जा रही है।
आज के ताजा सोने के रेट
आज प्रमुख शहरों में 24 कैरेट सोने का भाव 72,500 रुपये से 73,200 रुपये प्रति 10 ग्राम के बीच है, जबकि 22 कैरेट सोना 66,500 रुपये से 67,100 रुपये प्रति 10 ग्राम के आसपास कारोबार कर रहा है। अलग-अलग शहरों में स्थानीय करों और ट्रांसपोर्टेशन चार्ज के कारण कीमतों में थोड़ा अंतर देखने को मिल सकता है।
दिल्ली में 24 कैरेट सोना आज 72,800 रुपये प्रति 10 ग्राम पर है, जबकि मुंबई में यह 72,650 रुपये के आसपास है। कोलकाता और चेन्नई जैसे अन्य प्रमुख शहरों में भी कीमतें इसी रेंज में बनी हुई हैं।
22 कैरेट बनाम 24 कैरेट सोना
सोना खरीदते समय कैरेट का चुनाव बेहद महत्वपूर्ण होता है। 24 कैरेट सोना शुद्ध सोना माना जाता है, जिसमें 99.9 प्रतिशत शुद्धता होती है। यह निवेश के लिहाज से सबसे उत्तम माना जाता है, लेकिन गहनों के लिए यह थोड़ा नरम होता है।
दूसरी ओर, 22 कैरेट सोने में लगभग 91.6 प्रतिशत शुद्धता होती है और बाकी हिस्सा तांबा, चांदी या अन्य धातुओं का होता है। यह गहनों के निर्माण के लिए अधिक उपयुक्त है क्योंकि यह अधिक मजबूत और टिकाऊ होता है। भारत में अधिकतर ज्वैलरी 22 कैरेट सोने की ही बनाई जाती है।
गिरावट के मुख्य कारण
सोने के दामों में आज की गिरावट के पीछे कई महत्वपूर्ण कारण हैं। अंतरराष्ट्रीय बाजार में डॉलर इंडेक्स में मजबूती आने से सोने की कीमतें दबाव में आ गई हैं। जब डॉलर मजबूत होता है तो अन्य मुद्राओं में सोना महंगा हो जाता है, जिससे मांग में कमी आती है।
इसके अलावा, अमेरिकी फेडरल रिजर्व की मौद्रिक नीति को लेकर स्पष्टता आने से भी निवेशक जोखिम भरी संपत्तियों की ओर आकर्षित हो रहे हैं। वैश्विक आर्थिक स्थिति में सुधार के संकेत मिलने पर भी सोने जैसी सुरक्षित संपत्तियों की मांग कम हो जाती है।
भारतीय रुपये में भी हाल के दिनों में स्थिरता देखी गई है, जो आयातित सोने की कीमतों पर सकारात्मक प्रभाव डालती है।
प्रमुख शहरों में आज के सोने के भाव
विभिन्न शहरों में सोने के दाम में थोड़ा अंतर होता है। दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, चेन्नई, बेंगलुरु, हैदराबाद और अहमदाबाद जैसे प्रमुख शहरों में अलग-अलग रेट देखने को मिलते हैं।
दक्षिण भारत में आमतौर पर सोने की मांग अधिक रहती है, इसलिए वहां के बाजार में उतार-चढ़ाव का प्रभाव जल्दी दिखता है। केरल और तमिलनाडु जैसे राज्यों में सोने के गहनों की परंपरा बहुत पुरानी है और यहां त्योहारों और शादी-विवाह के मौसम में खरीदारी में तेजी आती है।
उत्तर भारत में भी शादी के सीजन में सोने की मांग काफी बढ़ जाती है। दिवाली, धनतेरस और अक्षय तृतीया जैसे शुभ अवसरों पर सोना खरीदना शुभ माना जाता है।
निवेशकों के लिए क्या है सही रणनीति
सोने में निवेश को लेकर विशेषज्ञों की राय हमेशा मिली-जुली रहती है। कुछ विश्लेषकों का मानना है कि मौजूदा गिरावट खरीदारी का अच्छा मौका है, जबकि कुछ का कहना है कि आगे और गिरावट देखने को मिल सकती है।
लंबी अवधि के निवेशकों के लिए सोना हमेशा से एक सुरक्षित विकल्प रहा है। महंगाई के खिलाफ हेज के रूप में और पोर्टफोलियो डाइवर्सिफिकेशन के लिए सोने को अपने निवेश में शामिल करना समझदारी माना जाता है।
डिजिटल गोल्ड, सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड और गोल्ड ईटीएफ जैसे विकल्प भी आजकल काफी लोकप्रिय हो रहे हैं। इनमें फिजिकल सोना रखने की चिंता नहीं रहती और तरलता भी अधिक होती है।
आने वाले दिनों में क्या हो सकता है रुख
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, आने वाले दिनों में सोने के दाम अंतरराष्ट्रीय बाजार की चाल और डॉलर की मजबूती पर निर्भर करेंगे। यदि वैश्विक अनिश्चितता बढ़ती है या भू-राजनीतिक तनाव बढ़ता है, तो सोने में फिर से तेजी देखी जा सकती है।
भारत में आने वाले महीनों में शादी का सीजन शुरू होने वाला है, जिससे मांग में बढ़ोतरी की उम्मीद है। ऐसे में घरेलू मांग सोने की कीमतों को सपोर्ट कर सकती है।
सोना खरीदते समय ध्यान रखने योग्य बातें
सोना खरीदते समय कुछ महत्वपूर्ण बातों का ध्यान रखना आवश्यक है। हमेशा हॉलमार्क वाला सोना ही खरीदें, जो शुद्धता की गारंटी देता है। बीआईएस हॉलमार्किंग भारत में सोने की शुद्धता के लिए मानक प्रमाणन है।
मेकिंग चार्ज के बारे में पहले से स्पष्ट जानकारी लें क्योंकि यह अलग-अलग ज्वैलर्स में अलग-अलग हो सकता है। कुछ जगह यह वजन के हिसाब से होता है तो कुछ जगह कीमत के प्रतिशत के रूप में।
बिल और प्रमाण पत्र जरूर लें और सुरक्षित रखें। यह भविष्य में बेचते समय या किसी विवाद की स्थिति में काम आता है।
सोने के दामों में उतार-चढ़ाव एक स्वाभाविक प्रक्रिया है। आज की गिरावट खरीदारों के लिए अनुकूल समय हो सकता है, लेकिन निवेश का निर्णय अपने वित्तीय लक्ष्यों और जोखिम क्षमता को ध्यान में रखकर ही लेना चाहिए। बाजार की नियमित निगरानी और विशेषज्ञों की सलाह आपको बेहतर निर्णय लेने में मदद कर सकती है।










